kalonji-ke-gun-labh-fayde कलोंजी के 6 अद्भुत गुण लाभ और उपयोग

कलोंजी के 6 अद्भुत गुण लाभ और उपयोग

इस लेख में जानते हैं क्या हैं कलोंजी के 6 अद्भुत गुण लाभ और उपयोग।

कलोंजी का इतिहास बहुत पुराना है।

सदियों से कलौंजी का प्रयोग एशिया, उत्तरी अफ्रीका और अरब देशों में मसाले व दवा के रूप में होता आया है।

आयुर्वेद और पुराने इसाई ग्रंथों में इसका वर्णन है।

कलोंजी एक बेहद उपयोगी मसाला है. इसका प्रयोग विभिन्न व्यंजनों जैसे दालों, सब्जियों, नान, ब्रेड, केक और आचार आदि में किया जाता है.

कलौंजी के पत्तों की सब्जी भी बनाई जाती है.

इस में एंटी-आक्सीडेंट भी मौजूद होता है जो कैंसर जैसी बीमारी से बचाता है.

कलौंजी जिसमें बहुत सारे मिनरल्स और न्यूट्रिएंट्स होते हैं,  आयरन, सोडियम, कैल्शियम, पोटैशियम और फाइबर से भरपूर कलौंजी कई प्रकार के रोगों का घर बैठे इलाज है.

लगभग 15 एमीनो एसिड वाला कलौंजी शरीर के लिए जरूरी प्रोटीन की कमी भी पूरी करता है.

जानें कलौंजी के ये फायदे…


1. मधुमेह में हितकारी

एक कप काली चाय में आधा चाय का चम्मच कलौंजी का तेल मिलाकर सुबह नाश्ते से पहले पी लेना चाहिए.

फिर रात को भोजन के पश्चात सोने से पहले एक कप चाय में एक चम्मच कलौंजी का तेल मिलाकर पी लेना चाहिए.

चिकनाई वाले पदार्थों के उपयोग से बचें. इस इलाज के साथ अंगे्रजी दवा का उपयोग होता है तो उसे जारी रखें

और बीस दिनों के पश्चात शर्करा की जांच करा लें.

यदि शक्कर नार्मल हो गई हो तो अंग्रेजी दवा बंद कर दें, किंतु कलौंजी का सेवन करते रहें.

2. हृदय रोग

एक कप दूध में आधा चम्मच कलौंजी का तेल मिलाकर प्रतिदिन दो बार प्रयोग करें.

इस तरह दस दिनों तक उपचार चलता रहे. चिकनाई वाले पदार्थों का सेवन न करें.

kalaunji ke fayde gun labh

3. नेत्र रोगों की चिकित्सा

नेत्रों की लाली, मोतियाबिंद, आंखों से पानी का जाना, आंखों की तकलीफ और आंखों की नसों का कमजोर होना आदि में

एक कप गाजर के जूस में आधा चम्मच कलौंजी का तेल दो चम्मच शहद मिलाकर दिन में दो बार सुबह (निराहार) और रात में सोते समय लेना चाहिए.

इस प्रकार 40 दिनों तक इलाज जारी रखें. नेत्रों को धूप की गर्मी से बचाएं.

4. अपच या पेट दर्द में

आप कलौंजी का काढा बनाइये फिर उसमे काला नमक मिला कर इसका सेवन करें।

5. दमा, खांसी, एलर्जी

एक कप गर्म पानी में एक चम्मच शहद तथा आधा चम्मच कलौंजी का तेल मिलाकर सुबह निराहार (भोजन से पूर्व) पी लेना चाहिए।

फिर रात में भोजन के बाद उसी प्रकार आधा चम्मच कलौंजी और एक चम्मच शहद गर्म पानी में मिलाकर इस मिश्रण का सेवन कर लेना चाहिए.

इस प्रकार 40 दिनों तक प्रतिदिन दो बार पिया जाए. सर्दी के ठंडे पदार्थ वर्जित हैं.

6. कलौंजी के अन्य लाभ

पिंपल की समस्या दूर, मेमोरी पावर बढ़ाता है, सिरदर्द करे दूर, अस्थमा का इलाज, जोड़ों के दर्द में आराम,

आंखों की रोशनी, कैंसर से बचाव, ब्लड प्रेशर करे कंट्रोल.

आयुर्वेद कहता है कि कलौंजी के बीजों की ताकत सात साल तक नष्ट नहीं होती.

JAIDEV YOGACHARYA ( THERAPIST & AYURVEDA )



हमारे फेसबुक पेज को फॉलो कीजिये


error: Content is Copyright Protected !!
×

नमस्ते

चैट के लिए नीचे टच कीजिये। Click below to chat

× WhatsApp Us